उद्देश्य उ०प्र० भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड के अन्तर्गत पंजीकृत लाभार्थी कर्मकारों की पुत्रियों की आर्थिक मदद कर आत्मनिर्भर बनाना। पात्रता सभी पंजीकृत महिला ⁄ पुरूष निर्माण श्रमिक जो न्यूनतम 01 वर्ष से सदस्य हो तथा अंशदान जमा किया हो। परिवार में जन्मी पहली बालिका को लाभ मिलेगा दूसरी को तभीमिलेगा जब दोनो सन्तानें बालिका हों। यदि प्रथम एवं द्तीय प्रसव में एक से अधिक बालिकाएं जन्मती है तो सभी को लाभ अनुमन्य होगा। कानूनी रूप से गोद ली हुई बालिका को प्रथम बालिका मानते हुए लाभ अनुमन्य होगा। बालिका के जन्म का पंजीकरण जन्म–मृत्यु पंजिका पर होना अनिवार्य है। 18 वर्ष की आयु पूर्ण होने पर यदि पुत्री का निधन हो जाता है तो सावधि जमा की रकम बोर्ड को वापस हो जायेगी। भारत ⁄ उ०प्र० सरकार द्वारा चलाई जा रही किसी अन्य योजना में लाभ न लिया हो। हितलाभ रु 20000 एकमुश्त बतौर सावधि जमा 18 वर्ष की आयु पूर्ण होने पर ही परिपक्व होगा। भुगतान अविवाहित रहने पर ही देय है। परिवार के निकटस्थ आंगनबाड़ी केन्द्र पर बालिका के जन्म से 01 वर्ष के अन्दर पंजीकरण कराना आवश्यक होगा। अधिक जानकारी के लिए या लाभ लेने के लिए उत्तर प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड से संपर्क करें स्त्राेत : उत्तर प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड, उत्तरप्रदेश सरकार।